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ये हैं बॉलीवुड की सबसे डरावनी फिल्में

14-Jun-17 12:48ये हैं बॉलीवुड की सबसे डरावनी फिल्में
ये हैं बॉलीवुड की सबसे डरावनी फिल्में

ऐसा अक्सर कहा जाता है कि बॉलीवुड भुतिया फिल्मों के मामले में हॉलीवुड से बहुत पीछे है। हालांकि, तकनीक और शानदार अभिनय के मामले में कुछ फिल्में ऐसी हैं जो हॉलीवुड को टक्कर देती हैं। इन्हें देखकर सांसें अटक जाती है। इन फिल्मों को आप अकेले नहीं देख सकते हैं। ये ऐसी फ़िल्में हैं, जिन्हें देखने के बाद आपको बत्ती जलाकर सोने की कोशिश करेंगे, फिर भी आपको डर की वजह से बाँध नहीं आएगी।

1. महल

 

वर्ष - 1949

भारत की पहली हॉरर फिल्म थी 'महल'। पुनर्जन्म की कहानी पर बुनी गयी यह फिल्म नब्बे के दशक तक सबको डराती रही। इसे तो घर में मम्मी, दादी सबने देखा होगा। वो भी डरी होंगी और आप भी डर जाएंगे, क्योंकि फिल्म की पटकथा की ऐसी बुनी गई है।

 

2. बीस साल बाद

वर्ष - 1962

आधी रात में भटकती एक रहस्यमयी महिला, जो कहीं दीप जले कहीं दिल' गुनगुनाते हुए महलों में भटकती रहती है। दर्शकों को डराने के लिए इतना बहुत है। 1962 में इस फिल्म ने सबसे अधिक कमाई की थी। यह फिल्म Arthur Conan Doyle की फिल्म 'The Hound Of Baskerville' से प्रेरित है। फिल्म पचास साल बाद भी उतनी ही डरावनी है।

 

3. कोहरा

वर्ष - 1964

Daphne du Maurier के उपन्यास ‘Rebecca’ से प्रभावित ये फिल्म इसके हॉलीवुड संस्करण से बेहतर मानी जाती है। इससे फिल्म का क्लाइमेक्स लायक है इसे जरुर देखना चाहिए।

 

4. रात

वर्ष - 1992

अपनी जिन्दगी में राम गोपाल वर्मा ने दो चार फ़िल्में ही देखने लायक बनाई हैं। उनमें से 'रात' भी एक है। इस भुतहा फिल्म में एक बिल्ली मर जाती है, जिसे एक लड़की की आत्मा अपने वश में कर लेती है। फिर जो फिल्म में डरावने मोड़ आते हैं, उन्हें देखने के बाद आप कभी बिल्लियों को डराने की नजर से नहीं देखेंगे अगर रात में बिल्ली आपके सामने आ गई, तो आपकी सासें अटक जायेंगी।

 

5. राज़

वर्ष - 2002

इस फिल्म में कोई स्पेशल इफेक्ट नहीं थी। सिर्फ पटकथा और बिपासा की शानदार एक्टिंग की वजह से पूरी मूवी डरावनी बन गई थी। यह फिल्म Michelle Pfeiffer की ‘What Lies Beneath’ से प्रभावित थी। इस फिल्म के बाद से ही बिपाशा को हॉरर गर्ल कहा जाने था।

 

6. भूत

वर्ष - 2003

इस फिल्म को देखते वक्त कई बार आप चीख सकते हैं। ये राम गोपाल वर्मा की बेहतरीन मूवीज में से एक रही है। आग जैसी मूवी ने भले ही राम गोपाल को गुमनामी की ओर पहुंचा दिया हो, लेकिन कुछ हॉरर फ़िल्में उनके भी खाते में हैं।

 

7. डरना मना है

वर्ष - 2003

राम गोपाल वर्मा ने अपनी इस मूवी में पहले ही अपील कर दी है, 'डरना मना है'। इस फिल्म में 6 छोटी कहानियां हैं जो बेहद डरावनी हैं।

 

 

8. फूंक

वर्ष - 2008

राम गोपाल वर्मा भी भट्ट कैम्प की तरह हॉरर फ़िल्मों की Factory हैं। ये अलग बात है आजकल उनकी किस्मत चल रही है। 'फूंक' काले जादू की कहानी है। अकेले में इस फिल्म को देखकर चीख निकल सकती है।

 

9. 1920

वर्ष - 2008

एक सुनसान हवेली एक रहस्यमय चौकीदार और नया शादी-शुदा जोड़ा। न ग्राफ़िक्स, न ही स्पेशल साउंड इफ़ेक्ट्स, लेकिन बेहद डरावनी फ़िल्म। इसे देखने के बाद आप अपने ही कदमों की आहत सुनकर डर जायेंग। विक्रम भट्ट की इस मूवी को देखने के बाद रात भर चैन की नींद तो नहीं आएगी।

 

10. 13B

वर्ष - 2009

शानदार स्क्रिप्ट और बेहतरीन अभिनय से सजी ये फिल्म, आपको डराने के लिए ही बनी है। इसमें न तो कैमरे का कमाल है, न ही स्पेशल साउंड इफेक्ट है। कलाकरों ने अपनी एक्टिंग से इस फिल्म को बेहद डरावना बना दिया है।

 

11. शापित

वर्ष - 2010

विक्रम भट्ट का कोई जवाब नहीं है भुतहा फिल्में बनाने में। किरदार, लाइट, साउंड इफ़ेक्ट्स और अंधेरे के आस-पास बनी ये फिल्म, भट्ट कैम्प की बाकि फिल्मों की तरह डराने में कामयाब रही है। इस मूवी ने भी बताया है कि आत्माएं हमेशा बुरी ही होती हैं।

 

12. रागिनी MMS

वर्ष - 2011

रागिनी MMS अमेरिकन हॉरर फ़िल्म ‘Paranormal Activity’ से प्रेरित है। यह फिल्म एक वास्तविक घटना पर बना है। पूरी नहीं, आंशिक रूप से इसे देखने के बाद आपको बिस्तर पर कुछ देर डर तो जरुर लगेगा। इस मूवी को डायरेक्ट किया था पवन कृपालिनी ने।

 

13. हॉरर स्टोरी

वर्ष - 2013

कुछ दोस्तों का प्लान बनता है कि वो एक रात किसी भुतहा होटल में बिताएंगे। होटल में जाने के बाद उनकी ज़िन्दगी बदल जाती है। ये फ़िल्म इतनी डरावनी है कि आप अपनी ही परछाईं से डर जायेंगे।

 

14. एक थी डायन

वर्ष - 2013

कोंकणा सेन के बेहतरीन अभिनय ने इस फिल्म को बेहद डरावना बनाया है। इस फिल्म को देखने के बाद आपको एहसास हो जायेगा, डायन हमारे आस-पास ही रहती हैं। उए मूवी बहुत डरावनी थी।

 


 

 

 




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