ख़बरी दोस्त

इस देश का क्रूर राष्ट्रपति खाता था इंसानों का मांस

दुनिया में कई शासक ऐसे थे जिन्होंने कई लोगों को मारा था। ऐसा ही एक युगांडा का क्रूर शासक था 'ईदी अमीन'। जब भी क्रूर शासकों का जिक्र आता है तो सबसे पहले युगांडा का तानाशाह 'ईदी अमीन' का नाम याद आता है।

 

आप यहाँ जान सकते हैं विश्व के बदनाम कातिलों में शामिल 'ईदी अमीन' की क्रूरता और उसके ज़ुल्मों के बारे में।

 

कौन है युगांडा का क्रूर शासक 'ईदी अमीन'

ईदी अमीन को "अमीन दादा", "बुचर ऑफ़ अफ्रीका" और "ब्रिटिश साम्राज्य के विजेता" जैसे कई नाम दिए गए जो कि उसकी तानाशाही को साबित करते हैं। युगांडा का तानाशाह ईदी अमीन 20 वीं सदी के अंत में क्रूर तानाशाहों की श्रेणी में शामिल हो गया। ईदी ने सत्ता के लालच में युगांडा के 1 लाख से ज्यादा निर्दोष लोगों को मौत के घाट उतारा था।

 

दुनिया के बदनाम कातिलों में शुमार है 'ईदी अमीन'

विश्व के बदनाम कातिलों में शामिल ईदी अमीन ने 8 सालों तक राष्ट्रपति के रूप में शासन किया और अपने शासन काल में लोगों पर इतने ज़ुल्म ढाएं, जनता को इतनी यातनाएं दी कि सुनने वालों की आंखे नम हो जाए।

 

इंसानों का मांस खाता था 'ईदी अमीन'

आपको बता दें कि यह शासक इतना ज्यादा क्रूर था कि इंसानों का मांस भी खा जाता था। सिर्फ यही नहीं, इसके फ्रिज में इंसानों के कटे हुए सिर और अन्य अंग भी बरामद हुए थे।अब आप सोच रहे होंगे कि ऐसा कैसे हो सकता है? कोई शख्स आखिर इतना क्रूर कैसे हो सकता है? लेकिन ये सच है। अपनी इसी क्रूरता और पागलपन की वजह से इसे 'मैड मैन ऑफ अफ्रीका' भी कहा जाता है।

 

लाखों लोगों को मौत के घाट उतार चुका था 'ईदी अमीन'

अपनी सत्ता को बचाए रखने के लिए ईदी अमीन ने अपनी प्रतिद्वंदी जनजातियों और अनेक ओबोट समर्थकों को खूब प्रताड़ित किया और उनकी हत्या करवा दी। मरने वालों में कई पत्रकार मंत्रीगण, न्यायाधीश, नेता और विदेशी भी शामिल थे। ईदी अमीन के आदेश पर कई जगह तो पूरे के पूरे गांव ही नष्ट कर दिए गए। लाशों को नील नदी में बहा दिया गया।

 

लोगों को जिन्दा जमीन में गडवा देता था 'ईदी अमीन'

यह शख्स इतना क्रूर था कि अपनी हवस को पूरा करने के लिए कई लड़कियों को अपना शिकार बना चुका था और और लोगों की हत्या करने के लिए यह शख्स किसी हथियार का इस्तेमाल नहीं करता था बल्कि उन्हें मारने के लिए जिंदा ही ज़मीन में गडवा देता था या फिर उनको जिंदा ही भूखे मगरमच्छों को खिला देता था।

 

इंसानियत भूल बैठा था 'ईदी अमीन'

लोग कहते हैं कि ईदी अमीन का व्यवहार एक मदमस्त हाथी जैसा हो गया था। सत्ता का लालच उसके सिर पर कुछ इस तरह सवार हुआ कि वो इंसानियत ही भूल बैठा। वो किसी की भी नहीं सुनता था, बस अपने मन की करता था। फिर चाहे वो सही हो या गलत और जो कोई भी उसके रास्ते में आता था वो उसे भी तबाह कर देता था।

 

16 अगस्त 2003 में हुई थी ईदी अमीन की मौत

1979 में तंजानिया और अमीन विरोधी युगांडा सेना ने अमीन के शासन को जड़ से उखाड़ फेंका।अमीन की क्रूरता और तानाशाही का किस्सा अब समाप्त हो चुका था। 2003 में उसकी मौत हो गई लेकिन आज भी इसकी क्रूरता की कहानियां सुन लोग सहम जाते हैं।

 




संबंधित पोस्ट


शीर्ष पोस्ट और पन्ने


कैसे पहचाने 10 के नकली सिक्के को
बाहुबली-2 में भल्लाल देव की है जबरदस्त बॉडी
जल्द ही बंद होंगे दो हज़ार के नोट
सनी लियोनी का भाई की शादी में ऐसा था अंदाज
जानें भोजपुरी एक्ट्रेसेस फिल्म के लिए कितनी फीस लेती हैं
ये है इंडिया के सबसे खतरनाक एनकाउंटर स्पेशलिस्ट
दंगल में हुई चार बड़ी गलतियां
पढ़िए अखिलेश और डिंपल की लव स्टोरी के बारे में

हाल की पोस्ट


ये है दुनिया की सबसे अजीबोगरीब लोकेशन वाले रेस्टोरेंट
ये हैं वो बॉलीवुड सेलेब्रिटी जो बाद में सड़क पर आ गए
चौंकिए मत ये असली नहीं है टूटी CD से बनाया गया है इन्हें
ये हैं दुनिया के सबसे ज्यादा बदसूरत दिखने वाले कुत्ते
जानते हैं माला में 108 मोती क्यों होते हैं
यहाँ छुपा है अमर होने का राज़
ये हैं दुनिया के सबसे खूबसूरत और मजेदार वाटर पार्क
एक्ट्रेस के दम पर चली थी ये फिल्मे