ख़बरी दोस्त

दुनिया के सबसे प्रदूषित शहर

दिल्ली-मुम्बई जैसे शहरो में प्रदूषण इस कदर बढ़ गया है की अब इससे कई घातक रोग होने लगे हैं बच्चो में कम उम्र से ही साँस की बिमारियाँ होने लगी हैं दिल्ली में पहले ही प्रदूषण जितना होना चाहिए उससे 10 गुणा ज्यादा था रही-सही कसर दिवाली ने पूरी कर दी दिवाली के मौके पर पटाखों से निकालने वाला धुआं अस्थमा के मरीजों के लिए बहुत ही खतरनाक होता है अधिकांश हार्ट पेसंट की तो इससे मौत हो जाती है इसे अलावा किसानों द्वारा फसलों के अवशेष जलाने पर भी काफी प्रदूषण फैलता है गाड़ियों के धुएं और कचरा जलाने की वजह से भी हवा में जहर घुल रहा है लेकिन ऐसा नहीं है कि प्रदूषण सिर्फ भारत में ही है दुनिया के कई शहर ऐसे हैं जहाँ आप साँस नहीं ले सकते ये हैं वो शहर 

तिआनयिंग टाउन, चीन

फैक्ट्री और कारखानों के धुएं और यहाँ इललीगल माइनिंग की वजह से हवा में लीड जैसे जहरीले तत्व घुल चुके हैं जिससे यहाँ की जानता को आँखों की समस्या बहरापन, पेट दर्द और किडनी से रिलेटेड प्रॉब्लम होने लगी है

चेर्नोबील, यूक्रेन 

इस शहर को 1986 में खतरनाक न्यूक्लियर डिजास्टर का सामना करना पड़ा था जसे कारण शहर में रेडिएशन इतना अधिक फ़ैल गया था की यहाँ कोई अब रहता नहीं जो भी इस शहर के आस पास रहता है थाइरॉइड कैंसर जैसी प्रॉब्लम्स होने लगती हैं रेडिएशन के कारण यहां की हवा में यूरेनियम, प्लूटोनियम और सीजियम-137 जैसे जहरीले गैस मिल गई हैं

पेशावर, पाकिस्तान

पेशावर में इंट की भट्ठियों के कारण काफी पॉल्यूशन होता है यहाँ लंग कैंसर, हार्ट प्रॉब्लम्स जैसी बिमारियाँ आम बात है 

उलानबातर, मंगोलिया

यहाँ की हवा इंटरनेशनल हेल्थ स्टैण्डर्ड के मुकाबले 6 गुना ज्यादा जहरीली है ऐसे में साँस की बिमारी होना आम बात है सरकार ने प्रदूषण दूर करने के लिए कई कदम उठाये लेकिन सफलता नहीं मिली

दिल्ली, इंडिया 

भारत में अगर कहीं सबसे ख़राब हवा है तो वो दिल्ली में ही है पॉल्यूशन की वजह से दिल्ली में हर साल करीब 15 लाख लोगों की मौत होती है

नोरिल्स्क, रूस

सल्फर डाइऑक्साइड, नीकल, कॉबाल्ट, कॉपर और लीड जैसे जहरीले तत्व यहाँ की हवा में मिले हुए हैं ये रूस का सबसे जहरीला शहर है 

लॉस एंजिलिस, अमेरिका

विकसित होने की कीमत अमेरिका को भी चुकानी पड़ रही है ये शहर बहुत अधिक प्रदूषित हो चुका है 20 सालों से यहाँ प्रदूषण को कम करने के लिए सरकार ने कई प्रयास किये लेकिन सफलता नहीं मिली

कानपुर, इंडिया

कारखानों और गाड़ियों की वजह से यहाँ हवा नहीं जहर बहता है ब्लड प्रेशर, हार्ट से जुडी बीमारियों के अलावा सांस सम्बंधित बीमारियां भी काफी कॉमन हैं सरकार के प्रयासों के बावजूद यहाँ का प्रदूषण कम होने का नाम नहीं ले रहा है

लंदन, इंग्लैंड 

यूरोप का ये शहर इतना प्रदूषित है कि यहाँ हर साल सिर्फ प्रदूषण से ही 10 हजार से अधिक लोगो की मौत होती है यहां की हवा में NO-2 गैस का अंश भी घुला है

सुकिंडा, ओड़िसा

यहाँ लगे माइनिंग प्लांट्स की वजह से यहाँ की हवा में जहर घुलता जा रहा है ओड़िसा वोलंटरी हेल्थ एसोसिएशन की रिपोर्ट के मुताबिक, इस शहर में होने वाले 86.4% मौत का कारण किसी ना किसी तरह से पॉल्यूशन से जुड़ा होता है सरकार ने अभी तक प्रदूषण कम करने के लिए यहाँ कोई कदम नहीं उठाया है

 




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